CVPS मेरठ में CBSE DLD Workshop का सफल आयोजन
मेरठ, 29 अगस्त। सिटी वोकेशनल पब्लिक स्कूल (CVPS), मेरठ में सीबीएसई ट्रेनिंग थीम के अंतर्गत “DLD on Computational Thinking & Artificial Intelligence Workshop” का सफल आयोजन किया गया। कार्यशाला का उद्देश्य शिक्षकों को कम्प्यूटेशनल थिंकिंग (CT), आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) और तकनीक आधारित शिक्षण की नवीन अवधारणाओं से परिचित कराना तथा उन्हें भविष्य की शिक्षा व्यवस्था के लिए तैयार करना रहा।
कार्यक्रम में श्री सुधांशु शेखर, सीबीएसई सिटी कोऑर्डिनेटर, डिस्ट्रिक्ट ट्रेनिंग कोऑर्डिनेटर एवं प्रधानाचार्य, के.एल. इंटरनेशनल स्कूल, मेरठ मुख्य अतिथि रहे। वहीं श्री गोपाल दीक्षित, सीबीएसई डिस्ट्रिक्ट ट्रेनिंग डिप्टी कोऑर्डिनेटर एवं प्रधानाचार्य, गुरु तेग बहादुर स्कूल, मेरठ विशिष्ट अतिथि के रूप में उपस्थित रहे।
एप्रिसिएशन कमेटी एवं निर्णायक मंडल में डॉ. वाग्मिता त्यागी, प्रधानाचार्या, गर्गी गर्ल्स स्कूल; डॉ. पारुल चौधरी, प्रधानाचार्या, अशोका अकादमी तथा डॉ. नितिन सिंह तोमर, डीन ऑफ एकेडमिक्स, बी.आई.टी. ग्लोबल स्कूल, मेरठ शामिल रहे। समिति ने प्रतिभागियों द्वारा प्रस्तुत केस पेपर का मूल्यांकन कर उन्हें महत्वपूर्ण सुझाव और व्यावहारिक मार्गदर्शन दिया।
विद्यालय की प्रधानाचार्या श्रीमती मीनू कपूर ने मुख्य अतिथि, विशिष्ट अतिथि एवं एप्रिसिएशन कमेटी के सदस्यों का ग्रीन प्लांटर भेंट कर स्वागत किया। कार्यक्रम में उपस्थित पाँचों प्राचार्यों को विद्यालय की ओर से स्मृति चिह्न प्रदान कर सम्मानित किया गया।
कार्यशाला के दौरान श्री सुधांशु शेखर एवं श्री गोपाल दीक्षित ने Computational Thinking और Artificial Intelligence के महत्व पर अपने विचार साझा किए। उन्होंने शिक्षकों को बदलती तकनीकी आवश्यकताओं के अनुरूप स्वयं को निरंतर अपडेट रखने तथा AI का रचनात्मक, जिम्मेदार और प्रभावी उपयोग करने के लिए प्रेरित किया।
उन्होंने कहा कि AI एवं Computational Thinking विद्यार्थियों में तार्किक क्षमता, समस्या-समाधान कौशल, रचनात्मकता और नवाचार की भावना विकसित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकते हैं।
कार्यशाला में मेरठ एवं आसपास के 21 प्रतिष्ठित विद्यालयों से लगभग 49 शिक्षकों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। शिक्षकों ने AI और Computational Thinking को दैनिक शिक्षण-अधिगम प्रक्रिया में शामिल करने के नवीन एवं व्यावहारिक तरीकों पर विचार-विमर्श किया और अपने अनुभव साझा किए।
12 प्रतिभागियों ने प्रस्तुत किए केस पेपर
कार्यशाला में कुल 12 प्रतिभागियों ने केस पेपर प्रस्तुत किए। इनमें शिक्षण की अभिनव पद्धतियों, तकनीक आधारित प्रयोगों तथा AI के माध्यम से शिक्षा को अधिक प्रभावी बनाने की संभावनाओं को प्रस्तुत किया गया।
उत्कृष्ट केस पेपर प्रस्तुत करने वाले प्रतिभागी
🥇 प्रथम स्थान: मनप्रीत कौर — इंटरनेशनल पब्लिक स्कूल (IPS)
🥈 द्वितीय स्थान: अज़ीमा सैफी — सिटी वोकेशनल पब्लिक स्कूल (CVPS)
🥉 तृतीय स्थान: रामनदीप कौर — मेरठ पब्लिक स्कूल फॉर गर्ल्स, कैंट (MPGS Cantt.)
तीनों विजेता प्रतिभागियों को ट्रॉफी देकर सम्मानित किया गया, जबकि कार्यशाला में शामिल सभी शिक्षकों को प्रमाण-पत्र प्रदान किए गए। निर्णायक मंडल ने विजेताओं के प्रस्तुतिकरण, विषय की समझ, नवीन विचारों और प्रभावी प्रस्तुति की विशेष सराहना की।
भविष्य की शिक्षा में AI की अहम भूमिका
समापन अवसर पर प्रधानाचार्या श्रीमती मीनू कपूर ने सीओई नोएडा के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि उनके मार्गदर्शन एवं सहयोग से कार्यशाला का सफल आयोजन संभव हुआ। उन्होंने मुख्य अतिथि, विशिष्ट अतिथि, एप्रिसिएशन कमेटी, प्रतिभागियों एवं उनके विद्यालयों के प्रधानाचार्यों का आभार व्यक्त किया।
वहीं विद्यालय की निदेशिका डॉ. हिमानी अग्रवाल ने सफल आयोजन पर सभी प्रतिभागियों एवं आयोजन टीम को बधाई देते हुए कहा कि AI और Computational Thinking भविष्य की शिक्षा के महत्वपूर्ण आधार हैं। ऐसे प्रशिक्षण कार्यक्रम शिक्षकों को नई तकनीकों से जोड़कर शिक्षण को अधिक रचनात्मक, प्रभावी और भविष्य-उन्मुख बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।