मेरठ।अजंता अस्पताल में इलाज और डिलीवरी के दौरान मरीज की मौत के मामले में कथित चिकित्सकीय लापरवाही को लेकर युवा राष्ट्रीय लोकदल (रालोद) ने मोर्चा खोल दिया है। मेरठ महानगर अध्यक्ष हेमन्त कुमार के नेतृत्व में रालोद कार्यकर्ताओं ने मुख्य चिकित्सा अधिकारी (CMO) को ज्ञापन सौंपकर मामले की निष्पक्ष जांच और जिम्मेदार लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की।
ज्ञापन में डॉ. गुरचरण, डॉ. राहुल गुप्ता, अस्पताल की ऑनर पारुल दहिया और अस्पताल प्रशासन पर कथित लापरवाही के आरोप लगाते हुए पूरे मामले की उच्चस्तरीय जांच कराने की मांग की गई। रालोद ने कहा कि मामले की निष्पक्ष जांच कर वास्तविक तथ्यों को सामने लाया जाए और पीड़ित परिवार को न्याय दिलाया जाए।
**रालोद ने रखीं ये प्रमुख मांगें**
ज्ञापन के माध्यम से संगठन ने कथित लापरवाही के लिए जिम्मेदार डॉक्टरों, नर्सिंग स्टाफ और अस्पताल प्रशासन के खिलाफ नियमानुसार सख्त कार्रवाई करने की मांग की। साथ ही, मामले में आपराधिक लापरवाही या अन्य लागू कानूनी प्रावधानों के तहत मुकदमा दर्ज करने तथा दोषी पाए जाने पर संबंधित चिकित्सकों के लाइसेंस निरस्त करने की मांग उठाई गई।
इसके अलावा, अस्पताल के खिलाफ निष्पक्ष उच्चस्तरीय जांच समिति गठित करने, जांच पूरी होने तक आवश्यक कार्रवाई करने और अस्पताल को सीज करने की मांग भी ज्ञापन में शामिल रही। रालोद ने पीड़ित परिवार को उचित आर्थिक सहायता उपलब्ध कराने और न्याय सुनिश्चित करने की अपील की।
**ये रहे मौजूद**
ज्ञापन सौंपने के दौरान मेरठ महानगर अध्यक्ष हेमन्त कुमार के साथ मेरठ शहर विधानसभा अध्यक्ष सचिन कश्यप, शिवा प्रजापति, सुमित कश्यप, नीटू पाल, हिमांशु सैनी और राजपाल कश्यप सहित अन्य कार्यकर्ता मौजूद रहे।
रालोद ने मामले में स्वास्थ्य विभाग से गंभीरता दिखाते हुए निष्पक्ष जांच कराने और पीड़ित परिवार को न्याय दिलाने की मांग की। अस्पताल प्रबंधन और संबंधित चिकित्सकों का पक्ष सामने आने पर मामले की स्थिति और स्पष्ट हो सकेगी।