मेरठ। आज़ाद अधिकार सेना के प्रदेश महासचिव मास्टर अब्दुल अज़ीज़ के नेतृत्व में संगठन के कार्यकर्ताओं ने बुधवार को मेरठ कमिश्नरी पहुंचकर मंडलायुक्त के माध्यम से राष्ट्रपति के नाम पुनः स्मरण एवं शिकायत पत्र सौंपा। संगठन ने मेरठ पुलिस के कार्यप्रणाली पर सवाल उठाते हुए निष्पक्ष जांच और कार्रवाई की मांग की।
प्रेस वार्ता के दौरान मास्टर अब्दुल अज़ीज़ ने आरोप लगाया कि 26 मार्च 2026 को रामनवमी के अवसर पर मेरठ के तत्कालीन सुरक्षा प्रबंधों के बीच बड़ी संख्या में प्रशिक्षु दरोगाओं को फिल्म दिखाने ले जाया गया, जिससे कानून-व्यवस्था प्रभावित हुई। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि हाल ही में कलेक्ट्रेट परिसर में प्रदर्शन के दौरान समाजसेवकों पर पुलिस द्वारा बल प्रयोग किया गया और बंदी वाहन में भी मारपीट की गई।
संगठन ने राष्ट्रपति के नाम भेजे ज्ञापन में तीन प्रमुख मांगें रखीं—
संबंधित पुलिस अधिकारियों की भूमिका की उच्च स्तरीय जांच कर कार्रवाई की जाए।
सरकारी ड्यूटी के दौरान फिल्म प्रदर्शन से जुड़े पूरे प्रकरण की निष्पक्ष जांच कराई जाए।
प्रदर्शनकारियों और समाजसेवकों पर दर्ज मुकदमों की समीक्षा कर उचित निर्णय लिया जाए।
आज़ाद अधिकार सेना ने कहा कि यदि उनकी मांगों पर शीघ्र कार्रवाई नहीं हुई तो संगठन लोकतांत्रिक तरीके से प्रदेशव्यापी आंदोलन शुरू करेगा।